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(साहित्यिक एवं सांस्कृतिक समाचार)
हिंदी चेतना शिखर–2026 : जयपुर की डॉ. निशा अग्रवाल को एशिया बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड
नई दिल्ली/जयपुर। हिंदी भाषा, देवनागरी लिपि और भारतीय सांस्कृतिक चेतना के वैश्विक उत्थान के उद्देश्य से धरा धाम इंटरनेशनल के तत्वावधान में 15 जनवरी 2026 को राजेंद्र भवन, नई दिल्ली में आयोजित अंतरराष्ट्रीय सम्मान समारोह “हिंदी चेतना शिखर–2026” ऐतिहासिक गरिमा के साथ संपन्न हुआ। इस कार्यक्रम का सुव्यवस्थित, प्रभावशाली एवं ओजस्वी संचालन डॉ. निशा अग्रवाल द्वारा किया गया।
समारोह के दौरान जयपुर (राजस्थान) की प्रतिष्ठित शिक्षाविद, शोधकर्ता एवं पाठ्यपुस्तक लेखिका डॉ. निशा अग्रवाल को Asia Book of World Records द्वारा World Record Holder के रूप में सम्मानित किया गया। यह सम्मान उन्हें शोध के क्षेत्र में असाधारण, मौलिक एवं समाजोपयोगी योगदान के लिए प्रदान किया गया, जिसे विधिवत एशिया बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में दर्ज किया गया। डॉ. निशा अग्रवाल का यह विश्व-रिकॉर्ड जगत धर्म चक्रवर्ती, सौहार्द शिरोमणि संत डॉ. सौरभ पांडे जी के जीवन, दर्शन, विचारधारा एवं समकालीन प्रासंगिकता पर आधारित विस्तृत शोधग्रंथ के लिए स्थापित हुआ। यह शोधकार्य Divya Manavta Prerak Kahaniyan Anusandhan Kendra द्वारा प्रकाशित तथा प्रो. जनक प्रसाद के अकादमिक मार्गदर्शन में संपन्न हुआ। एशिया बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स द्वारा इस शोध को आध्यात्मिक अनुसंधान, मानवीय मूल्यों, अंतरधार्मिक सौहार्द एवं समकालीन विचार नेतृत्व के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया गया।
कार्यक्रम में अंतरराष्ट्रीय एवं राष्ट्रीय स्तर के प्रतिष्ठित अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति रही। प्रमुख अतिथियों में रसायाचार्य डॉ. ई. माड़े धर्मयस (इंडोनेशिया), जनरल प्रो. जसवीर सिंह (आधिकारिक प्रतिनिधि – संयुक्त राष्ट्र | अमेरिका),डॉ. इंद्रजीत शर्मा (देवनागरी प्रवर्तक, अमेरिका),
डॉ. बी. एल. गौड़ (ख्यातिलब्ध साहित्यकार एवं उद्योगपति),डॉ. चिंगशुओं ‘जोया’ झांग,प्रो. (डॉ.) देवेश कुमार मिश्र (संस्कृत विभाग, इग्नू, नई दिल्ली), जगत धर्म चक्रवर्ती सौहार्द शिरोमणि डॉ. सौरभ पांडे जी (प्रमुख – धराधाम, गोरखपुर), डॉ नारायण यादव( M.D ऑफ ABWR) एवं वर्ल्ड रिकॉर्ड होल्डर डॉ. शंभू पंवार जी सम्मिलित रहे।
डॉ. निशा अग्रवाल अब तक 30 से अधिक पुस्तकों की रचना कर चुकी हैं। उनकी पुस्तकें कॉलेज शिक्षा, उत्तर प्रदेश बोर्ड एवं सीबीएसई बोर्ड के पाठ्यक्रमों में सम्मिलित हैं। उनका लेखन हिंदी भाषा, शिक्षा, भारतीय संस्कृति और मानवीय मूल्यों को समर्पित है, जिसने उन्हें शिक्षा जगत में विशिष्ट पहचान दिलाई है।
“हिंदी चेतना शिखर–2026” न केवल एक सम्मान समारोह रहा, बल्कि यह हिंदी को राष्ट्र से विश्व तक, और भारतीय संस्कृति को वैश्विक संवाद से जोड़ने वाला एक सशक्त वैचारिक मंच सिद्ध हुआ।
≈ संपादक – श्री हेमन्त बावनकर/सम्पादक (हिन्दी) – श्री विवेक रंजन श्रीवास्तव ‘विनम्र’ ≈






हार्दिक आभार आपका आदरणीय जी