☆ सूचनाएँ/Information ☆

(साहित्यिक एवं सांस्कृतिक समाचार)

डॉ कुंदन सिंह परिहार

🌹 प्रलेस के महा-अधिवेशन में डॉ कुंदन सिंह परिहार जी की पुस्तक ‘खोया हुआ कस्बा’ लोकार्पित 🌹 साभार – श्री जय प्रकाश पाण्डेय ☆

20 से 22 अगस्त, 2023 को जबलपुर में प्रगतिशील लेखक संघ का 18वाॅं राष्ट्रीय अधिवेशन आयोजित हुआ, जिसमें देश भर से आए पांच सौ से अधिक प्रतिनिधियों की भागीदारी हुई। 20अगस्त को उदघाटन सत्र में परसाई जी पर केंद्रित अट्टहास पत्रिका का  विमोचन हुआ।

21अगस्त को विचार विमर्श सत्र के दौरान ख्यातिलब्ध व्यंग्यकार एवं कथाकार डॉ कुंदन सिंह परिहार द्वारा लिखित कहानी संग्रह ‘खोया हुआ कस्बा’ का विमोचन देश भर से जुटे नामी-गिरामी साहित्यकारों की उपस्थिति में हुआ।

यह मेरा सातवाँ कथा-संग्रह और बारहवीं किताब है। पाँच व्यंग्य-संकलन हैं। यह शायद मेरा आखिरी कथा-संग्रह हो क्योंकि कथा लेखन अब बहुत कम हो गया है। कारण यह है कि जिन पत्रिकाओं ने मेरी लगभग डेढ़ सौ कहानियाँ छापीं, वे अब नहीं हैं। अखबारों ने भी साहित्य छापना बन्द कर दिया है। नयी पीढ़ी साहित्य के प्रति उदासीन हुई है, जिसका कारण ढूँढ़ा जाना चाहिए। इसके लिए केवल पाठक को दोष नहीं दिया जा सकता। संपूर्ण वातावरण में तात्विक परिवर्तन हुआ है।

डॉ कुंदन सिंह परिहार

कार्यक्रम का संचालन आकाशवाणी दूरदर्शन के रिट. डीडीजी श्री राजीव शुक्ल ने किया। मंच पर देश के दिग्गज साहित्यकार सर्वश्री नरेश सक्सेना, प्रलेस के राष्ट्रीय महासचिव श्री सुखदेव सिंह सिरसा, श्री विभूति नारायण राय, श्री नथमल शर्मा, श्री वीरेन्द्र यादव, श्री कुलदीप सिंह दीप, श्री प्रियदर्शन मालवीय जैसे नामी-गिरामी लेखक उपस्थित थे। महान साहित्यकार और साहित्य के संसार में जबलपुर की सर्वाधिक प्रखर पहचान हरिशंकर परसाई के जन्मदिन और जन्मशती के साथ यह सम्मेलन  रांगेय राघव, शंकर शैलेन्द्र, हबीब तनवीर, मृणाल सेन और गीता मुखर्जी की स्मृति को भी समर्पित था।

साभार – श्री जय प्रकाश पाण्डेय

416 – एच, जय नगर, आई बी एम आफिस के पास जबलपुर – 482002  मोबाइल 9977318765

≈ संपादक – श्री हेमन्त बावनकर/सम्पादक मंडल (हिन्दी) – श्री विवेक रंजन श्रीवास्तव ‘विनम्र’/श्री जय प्रकाश पाण्डेय  ≈

Please share your Post !

Shares
5 1 vote
Article Rating
Subscribe
Notify of
guest

0 Comments
Oldest
Newest Most Voted
Inline Feedbacks
View all comments